सोशल मीडिया क्षेत्र की वैश्विक दिग्गज कंपनी मेटा की भारतीय इकाई मेटा इंडिया ने अपने संगठनात्मक ढांचे में बदलाव करते हुए करीब एक दर्जन कर्मचारियों को नौकरी से निकाल दिया है। नई दिल्ली से २६ मई २०२६ को जारी इस कॉर्पोरेट रिपोर्ट के अनुसार, कंपनी के इस फैसले का सबसे बड़ा असर विज्ञापन बिक्री, बिजनेस डेवलपमेंट और कोर मार्केटिंग भूमिकाओं में काम करने वाले कर्मचारियों पर पड़ा है। वैश्विक स्तर पर परिचालन को अधिक कुशल बनाने, लागत में कटौती करने और व्यावसायिक प्राथमिकताओं को नए सिरे से तय करने के लिए मेटा द्वारा समय-समय पर किए जाने वाले सांगठनिक पुनर्गठन के तहत ही भारत में यह कदम उठाया गया है।
इस छंटनी प्रक्रिया के तहत प्रभावित होने वाले कर्मचारियों में मध्य और वरिष्ठ स्तर के कुछ बड़े नाम भी शामिल हैं, जो लंबे समय से भारत में कंपनी के राजस्व संचालन और ब्रांड रणनीतियों को संभाल रहे थे। कंपनी के आंतरिक सूत्रों के अनुसार, प्रभावित कार्यबल को निर्धारित कॉर्पोरेट नियमों के अनुसार उचित विच्छेद पैकेज और करियर सहायता प्रदान की जा रही है। यद्यपि निकाले गए कर्मचारियों की कुल संख्या वैश्विक छंटनियों के मुकाबले काफी कम है, लेकिन भारत जैसे प्रमुख विकास बाजार में विज्ञापन और मार्केटिंग जैसे सीधे राजस्व से जुड़े विभागों में यह कटौती दर्शाती है कि कंपनी अब एआई-संचालित विज्ञापन प्रणालियों और डिजिटल ऑटोमेशन टूल्स पर अपनी निर्भरता तेजी से बढ़ा रही है।
