एयरटेल पेमेंट्स बैंक ने वित्त वर्ष २०२५-२६ के दौरान बेहतरीन वित्तीय और परिचालन प्रदर्शन दर्ज किया है। गुवाहाटी में जारी रिपोर्ट के अनुसार, बैंक का कुल राजस्व सालाना आधार पर १८.४ प्रतिशत की मजबूत बढ़त के साथ ३,२०७ करोड़ रुपये हो गया है, जबकि इसका शुद्ध लाभ (नेट प्रॉफिट) बढ़कर १०९ करोड़ रुपये तक पहुँच गया है। इस अवधि में बैंक का लाभ मार्जिन सुधरकर ३.४ प्रतिशत दर्ज किया गया। डिजिटल बैंकिंग की बढ़ती स्वीकार्यता के कारण ग्राहकों के भरोसे में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है, जिससे बैंक का कस्टमर बैलेंस २६ प्रतिशत की बढ़ोतरी के साथ ४,६१२ करोड़ रुपये और एन्युअलाइज्ड ग्रॉस मर्चेंडाइज वैल्यू बढ़कर ४,५४२ बिलियन रुपये तक पहुँच गई है। इसके साथ ही, बचत बैंक खातों (सेविंग्स अकाउंट्स) के मासिक सक्रिय उपयोगकर्ताओं (मंथली एक्टिव यूजर्स) की संख्या बढ़कर २.८८ करोड़ (२८.८ मिलियन) हो गई है, जिससे उपयोगकर्ता आधार के लिहाज से एयरटेल पेमेंट्स बैंक देश का तीसरा सबसे बड़ा मोबाइल बैंक बना हुआ है।
बैंक के प्रबंध निदेशक और मुख्य कार्यकारी अधिकारी अणुव्रत बिस्वास ने इस मजबूत प्रदर्शन को ग्राहकों के भरोसे और डिजिटल बैंकिंग मॉडल की मजबूती का प्रमाण बताया है। उनके अनुसार, बैंक के ‘सेफ सेकंड अकाउंट’ को ग्राहकों से लगातार शानदार रिस्पॉन्स मिल रहा है। इसके अलावा, बैंक का ट्रांजिट कारोबार भी तेजी से बढ़ा है, जिसके तहत अब तक ६० लाख से अधिक नेशनल कॉमन मोबिलिटी कार्ड जारी किए जा चुके हैं, और यह बैंक इस क्षेत्र में देश का दूसरा सबसे बड़ा जारीकर्ता (इश्यूअर) बन गया है; वर्तमान में बैंक नेटवर्क में होने वाले हर तीन ट्रांजिट भुगतानों में से दो की प्रोसेसिंग अकेले यही बैंक कर रहा है। ग्रामीण क्षेत्रों में भी बैंक की पकड़ काफी मजबूत हुई है, जहाँ इसके पास ५ लाख से अधिक सक्रिय बैंकिंग पॉइंट्स हैं, जिनके माध्यम से देश के हर चार में से तीन गांवों तक बैंकिंग सेवाएं पहुंचाई जा रही हैं। इसके अतिरिक्त, देश में होने वाले हर चार आधार सक्षम भुगतान प्रणाली लेनदेन में से एक और हर दो रेमिटेंस में से एक की प्रोसेसिंग भी इसी बैंक द्वारा की जा रही है।
