केंद्र सरकार की ‘पीएम सूर्य घर’ योजना के तहत घर की छत पर सोलर पैनल लगवाने वालों को सब्सिडी का लाभ दिया जा रहा है। केंद्र के साथ-साथ कुछ राज्य सरकारें भी सोलर पैनल लगाने पर अतिरिक्त सहायता देती हैं। सरकार का उद्देश्य लोगों को अपनी बिजली खुद पैदा करने के लिए प्रोत्साहित करना और हर महीने आने वाले बिजली बिल को कम करना है। आमतौर पर घरों के लिए 1kW से 5kW तक के सोलर सिस्टम लगाए जाते हैं। ऐसे में 3kW का सोलर सिस्टम लगवाने पर कितनी सब्सिडी मिल सकती है और बिजली बिल में बचत के जरिए इसका खर्च कितने समय में निकल सकता है, इसे आसान तरीके से समझते हैं।
सब्सिडी मिलने के बाद भी सोलर सिस्टम की पूरी लागत सरकार की ओर से नहीं दी जाती। कुल कीमत का करीब 40 से 70 फीसदी हिस्सा आपको अपनी जेब से देना पड़ सकता है। हालांकि, हर महीने बिजली बिल में होने वाली बचत के चलते समय के साथ यह खर्च पूरा किया जा सकता है। सामान्य तौर पर सोलर सिस्टम में किया गया निवेश करीब 3 से 5 साल में रिकवर हो सकता है। यह अवधि आपके घर की बिजली खपत और कुल लोड पर निर्भर करती है।
अगर 3BHK घर के लिए 3kW का सोलर सिस्टम लगवाया जाए, तो यह एक बेहतर विकल्प हो सकता है। इसकी स्थापना पर करीब 1.40 लाख से 1.60 लाख रुपये तक खर्च आ सकता है। 78,000 रुपये तक की सरकारी सब्सिडी मिलने के बाद आपको करीब 82,000 रुपये अपनी जेब से लगाने पड़ सकते हैं।
इस सिस्टम से हर महीने बिजली बिल में लगभग 2,000 से 2,500 रुपये तक की बचत होने का अनुमान है। इस हिसाब से करीब 3.5 से 4 साल में बिजली बिल की बचत के जरिए सोलर सिस्टम पर लगाया गया पैसा वापस मिल सकता है। इसके बाद बिजली बिल में होने वाली बचत आपके लिए अतिरिक्त बचत के तौर पर बनी रहेगी।
