नई दिल्ली में आयोजित हो रहे ‘इंडिया ओपन २०२६’ बैडमिंटन टूर्नामेंट में खेल सुविधाओं और साफ-सफाई के स्तर को लेकर अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों ने कड़ी आलोचना की है। भारतीय बैडमिंटन खिलाड़ी किदांबी श्रीकांत और डेनमार्क की मिया ब्लिचफेल्ड ने सोशल मीडिया के माध्यम से स्टेडियम की खराब स्थिति और विशेष रूप से शौचालयों की गंदगी पर अपनी चिंता व्यक्त की है। खिलाड़ियों का कहना है कि इतने बड़े स्तर के अंतरराष्ट्रीय आयोजन में स्वच्छता के बुनियादी मानकों का अभाव न केवल निराशाजनक है, बल्कि यह एथलीटों के स्वास्थ्य और खेल के अनुभव को भी प्रभावित करता है।
इस विवाद के बढ़ने के बाद, टूर्नामेंट के आयोजकों और भारतीय बैडमिंटन संघ को आलोचनाओं का सामना करना पड़ रहा है। खिलाड़ियों द्वारा साझा की गई तस्वीरों और बयानों ने वैश्विक खेल बिरादरी का ध्यान खींचा है, जिससे आयोजन की प्रतिष्ठा पर सवाल खड़े हो गए हैं। जवाब में, प्रबंधन ने स्थिति को सुधारने और स्वच्छता बनाए रखने के लिए अतिरिक्त कर्मचारियों की तैनाती का आश्वासन दिया है। १४ जनवरी २०२६ को सामने आई यह घटना खेल आयोजनों में बुनियादी ढांचे के रखरखाव और खिलाड़ियों की सुविधाओं को प्राथमिकता देने की आवश्यकता पर जोर देती है।
